ग्राफिक डिजाइनिंग क्या होता है? Graphic Designer कैसे बने? जानिए Graphic Designer बनने से जुड़ी सभी जानकारी हिंदी में

आज हम जानेंगे ग्राफिक डिजाइनर (Graphic Designer) कैसे बने पूरी जानकारी (How To Become Graphic Designer Details In Hindi) के बारे में क्योंकि किसी भी फील्ड में इंटरनेट और कंप्यूटर का इस्तेमाल वर्तमान के समय में काफी ज्यादा किया जा रहा है। अगर हम यह कहे कि वर्तमान का जमाना कंप्यूटर का जमाना है तो इसमें कोई बड़ी बात नहीं होगी। इस युग में अपनी बात को रखने के लिए या फिर कहने के लिए सबसे इफेक्टिव तरीका Graphics के द्वारा संचार का तरीका है। आज के समय में चाहे ऑनलाइन मार्केटिंग हो या फिर किसी भी अन्य प्रकार की मार्केटिंग हो, सभी में ग्राफिक का युज काफी ज्यादा किया जा रहा है।

इसके साथ ही लगभग हर छोटी बड़ी कंपनी में ग्राफिक डिजाइनर की नौकरियां भी अवेलेबल हो गई है। ऐसे में ग्राफिक डिजाइनिंग का कोर्स करके ग्राफिक डिजाइनर बनना फायदे का सौदा साबित हो सकता है। आज के इस लेख में जानेंगे कि Graphic Designer Kaise Bane, ग्राफिक डिजाइनर बनने के लिए क्या करे, Graphic Designer Meaning In Hindi, Graphic Designer Kya Hota Hai, ग्राफिक डिजाइनर बनने का तरीका, Graphic Designer Kaise Bante Hain, आदि की सारी जानकारीयां विस्तार में जानने को मिलेंगी, इसलिये पोस्ट को लास्ट तक जरूर पढे़ं।

ग्राफिक डिजाइनिंग क्या है? – What is Graphic Designing Information in Hindi?

विषय-सूची

Graphic Designer Kaise Bane
Graphic Designer Kaise Bane

शब्द, चित्र और आकार तथा रंग का इस्तेमाल करके किसी संदेश को व्यक्त करने के तरीके को ही Graphic Designing कहा जाता है। एक professional graphic designer के अंदर क्रिएटिविटी का होना काफी ज्यादा आवश्यक माना जाता है। इसके अलावा एक अट्रैक्टिव डिजाइन तथा Graphics क्रिएट करने के लिए जिन Tools का इस्तेमाल होता है, उसके बारे में भी पूरी इंफॉर्मेशन एक प्रोफेशनल ग्राफिक डिजाइनर को होनी चाहिए।

ग्राफिक डिजाइनर कैसे बने? – How to Become Graphic Designer Information in Hindi

Graphic Designer बनने के लिए उम्मीदवार चाहे तो सर्टिफिकेट कोर्स, डिग्री कोर्स, डिप्लोमा कोर्स कर सकता है। हालांकि उम्मीदवार जो भी कोर्स करें वह किसी मान्यता प्राप्त इंस्टिट्यूट से ही किया हुआ होना चाहिए ताकि कोर्स करने के बाद उसे इंस्टीट्यूट की तरफ से ग्राफिक डिजाइनिंग के कोर्स का सर्टिफिकेट मिले। ग्राफिक डिजाइनिंग के हर कोर्स की टाइमिंग अलग-अलग होती है। ग्राफिक डिजाइनिंग के कुछ कोर्स कम समय के होते हैं तो कुछ कोर्स ज्यादा समय के होते हैं।

ग्राफिक डिजाइनिंग की फील्ड में फाउंडेशन लेवल, डिग्री लेवल और डिप्लोमा लेवल के कोर्स अवेलेबल है जिन्हें उम्मीदवार अपनी पसंद के अनुसार कर सकते हैं। ग्राफिक डिजाइन करते टाइम ग्राफिक डिजाइनर के द्वारा अलग-अलग प्रकार की सामग्री, पिक्चर, आइडिया और Arts की हेल्प ली जाती है। ग्राफिक डिजाइनिंग रियल में और वर्चुअल दोनों प्रकार से की जाती है। ग्राफिक डिजाइनिंग को लोग अपने अपने हिसाब से अलग-अलग कामों के लिए इस्तेमाल करते हैं। हालांकि यह बात तो तय है कि, लगभग अधिकतर वर्क में ग्राफिक डिजाइनिंग का इस्तेमाल होता ही है।

ग्राफिक डिजाइनर कोर्स के लिए प्रवेश परीक्षा – Entrance Exam for Graphic Designer Course

Graphic Designer का कोर्स करने के लिए आपको विभिन्न प्रकार की एंट्रेंस एग्जाम को देना पड़ सकता है, उनके नाम निम्नानुसार हैं।

  • National Institute of Design (NID)
  • Common Entrance Examination for Design
  • Symbiosis Entrance Exam for Design (SEED)
  • Under Graduate Common Entrance Examination for Design (UCEED)

ग्राफिक डिजाइनर के लिए शैक्षिक योग्यता – Educational Qualification for Graphic Designer

Graphic Designer बनने के लिए शैक्षिक योग्यता की जानकारी इस प्रकार है।

  • ग्राफिक डिजाइनर बनने के लिए पोस्ट ग्रेजुएट और ग्रेजुएट के बाद भी विभिन्न प्रकार के पीजी डिप्लोमा कोर्स और डिप्लोमा Course मौजूद हैं जिन्हें उम्मीदवार करके ग्राफिक डिजाइनिंग की फील्ड में अपना कैरियर सेटल कर सकते हैं।
  • ऐसे स्टूडेंट जो Graphic Designer बनना चाहते हैं, उन्हें बारहवीं कक्षा का पास होना आवश्यक है, वह अपनी 12वीं कक्षा को किसी भी Stream के साथ पास कर सकते हैं, क्योंकि ग्राफिक डिजाइनर बनने के लिए सब्जेक्ट की बाध्यता नहीं होती है।

ग्राफिक डिजाइनिंग के पाठ्यक्रम – Courses of Graphic Designing

अगर आप Graphic Designer बनना चाहते हैं तो इसके लिए आपको सबसे पहले ग्राफिक डिजाइनिंग का कोर्स करना पड़ेगा। आप नीचे बताए गए किसी भी कोर्स को करके ग्राफिक डिजाइनिंग सीख सकते हैं और एक सक्सेसफुल ग्राफिक डिजाइनर बन सकते हैं।

  • बैचलर इन फाइन आर्ट्स
  • पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन डिजाइन
  • एप्लाइड आर्ट्स ऐंड डिजिटल आर्ट्स
  • प्रिंटिंग ऐंड मीडिया इंजीनियरिंग
  • ग्रेजुएट डिप्लोमा इन डिजाइन
  • विजुअल कम्युनिकेशन डिजाइन
  • एडवरटाइजिंग ऐंडविजुअल कम्‍यूनिकेशन

ग्राफिक डिजाइनर का वेतन – Salary of Graphic Designer

ग्राफिक डिजाइनर के पद पर सिलेक्शन पाए हुए व्यक्ति की सैलरी इस बात पर आधारित होती है कि आखिर वह किस कंपनी में और कौन सी पोस्ट पर काम कर रहा है। अगर मल्टीनेशनल कंपनी के बारे में बात की जाए तो मल्टीनेशनल कंपनी में काम करने वाले ग्राफिक डिजाइनर की महीने की सैलरी तकरीबन ₹30,000 से लेकर ₹35000 के आसपास होती है

वहीं अन्य कंपनी में काम करने वाले Graphic Designer की महीने की सैलरी ₹18000 से लेकर ₹25000 शुरुआत में होती है। और अनुभव बढ़ने पर उनकी सैलरी में कंपनी के द्वारा बढ़ोतरी की जाती है। विदेशों में ग्राफिक डिजाइनर को महीने की सैलरी के तौर पर तकरीबन ₹50,000 से लेकर ₹60,000 तक की सैलरी मिलती है

ग्राफिक डिजाइनर का काम – Work of Graphic Designer

एक ग्राफिक डिजाइनर निम्न काम करता है।

  • Graphic Designer विभिन्न प्रकार के माध्यम जैसे की मैगजीन, logo, रिपोर्ट और वेबसाइट की हेल्प से अपने हुनर का इस्तेमाल करके टेक्स्ट और पिक्चर का यूज करके प्रोडक्शन डिजाइन और लेआउट क्रिएट करते हैं।
  • एक ग्राफिक डिजाइनर को किसी भी प्रकार की ग्राफिक को डिजाइन करने से पहले कस्टमर के द्वारा प्रदान किया गए डाटा एनालिसिस का करना होता है और उस पर रिसर्च करके उसे इस बात की जानकारी इकट्ठा करनी होती है कि वर्तमान के समय में मार्केट में Trend में क्या चल रहा है।
  • Graphic Designer अपने कस्टमर की आवश्यकताओं और उसकी जरूरतों के हिसाब से उसे ग्राफिक डिजाइन बना कर देता है।
  • एक ग्राफिक डिजाइनर हमेशा अपने ग्राहक को संतुष्ट करने का काम करता है।
  • कस्टमर के कहने पर ग्राफिक डिजाइनर ग्राफिक में बदलाव भी करते हैं, उसे चेंज करते हैं और उसकी एडिटिंग का काम भी करते हैं और कस्टमर से रिव्यू और फीडबैक भी लेते हैं।

ग्राफिक डिजाइनिंग के क्षेत्र में करियर की संभावनाएं – Career Prospects in the Field of Graphic Designing

ग्राफिक डिजाइनिंग की फील्ड में करियर की संभावनाएं निम्नानुसार है।

1. ग्राफिक डिजाइनिंग का कोर्स कर लेने के बाद और ग्राफिक डिजाइनर बनने के बाद आप कैरियर के तौर पर वेब डेवलपर, वेबसाइट डेवलपमेंट,मैगजीन, विडिओ गेम इंडस्ट्रीज, बुक्स, पोस्टर, बैनर, ऑनलाइन डिजाइन, एनीमेशन स्टूडियो जैसी जगहों पर नौकरी पा सकते हैं और अच्छी सैलरी के साथ अपनी शुरूआत कर सकते है।

2. दुनिया भर में ऐसे कई छोटे-बड़े इंस्टिट्यूट हैं जो अपनी कंपनी या प्रोडक्ट को प्रमोट करवाने के लिए विजुअल ब्रांड रेडी करवाते हैं। आप ऐसे इंस्टिट्यूट के साथ जुड़कर आसानी से काम कर सकते हैं।

3. ग्राफिक डिजाइनिंग का कोर्स करने के बाद आप न्यूजपेपर एजेंसी, एडवरटाइजमेंट कंपनी, टेलिविजन एंड ब्रॉडकास्टिंग, प्रोडक्ट पैकेजिंग इंडस्ट्री, सॉफ्टवेयर इंडस्ट्री, मीडिया, पब्लिशिंग, रिटेल सेक्टर में काम कर सकते हैं। इन सभी सेक्टर में ग्राफिक डिजाइनर को अच्छा कैरियर मिल सकता है।

ग्राफिक डिजाइनर बनने की प्रक्रिया – Process to Become Graphic Designer

नीचे हम आपको स्टेप बाय स्टेप बता रहे हैं कि कैसे आप ग्राफ़िक डिज़ाइनर बन सकते हैं और ग्राफिक डिजाइनिंग का कोर्स कंप्लीट करके किसी भी कंपनी में नौकरी पा सकते हैं और अच्छी सैलरी अर्जित कर सकते हैं।

1. बारहवीं कक्षा को पास करें

Graphic Designer बनने के लिए और ग्राफिक डिजाइनिंग का कोर्स करने के लिए सबसे पहले आपको किसी भी सब्जेक्ट से 12वी कक्षा को पास करना जरूरी है। आप आर्ट्स, कॉमर्स या साइंस किसी भी Stream से 12वीं कक्षा को अच्छे अंकों के साथ पास कर सकते हैं।

2. कोर्स कंप्लीट करें

12वीं कक्षा को अच्छे परसेंटेज के साथ पास करने के बाद आप चाहे तो डिप्लोमा, मास्टर या फिर बैचलर सर्टिफिकेट का कोर्स कर सकते हैं। ग्राफिक डिजाइनिंग में जो बैचलर का कोर्स होता है वह टोटल 3 से 4 साल का कोर्स होता है और ग्राफिक डिजाइनिंग में मास्टर डिग्री का कोर्स करने के लिए आपके पास उसी स्ट्रीम में बैचलर की डिग्री होनी जरूरी होती है। मास्टर डिग्री का कोर्स टोटल 2 साल का कोर्स होता है, वही अगर आप डिप्लोमा कोर्स करते हैं तो डिप्लोमा कोर्स को करने के लिए आपको 1 साल का समय देना होता है।

अगर आप सर्टिफिकेट का कोर्स करते हैं तो आपको सर्टिफिकेट के कोर्स को करने के लिए 6 महीने से लेकर 1 साल का टाइम लगता है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि बैचलर डिग्री और मास्टर के कोर्स में एडमिशन पाने के लिए आपको एंट्रेंस एग्जाम को पास करना पड़ता है। यह एंट्रेंस एग्जाम स्टेट लेवल या फिर नेशनल लेवल पर आयोजित होती हैं।

3. नौकरी के लिए अप्लाई करें

ग्राफिक डिजाइनिंग से संबंधित किसी भी प्रकार के कोर्स को करने के बाद आपको विभिन्न कंपनियों में नौकरी के लिए आवेदन करना होता है। अगर आप के अंदर योग्यता है और आप उन कंपनियों के एलिजिबिलिटी के पैमाने पर खरे उतरते हैं, तो वह कंपनी आपको ग्राफिक डिजाइनर की पोस्ट पर सिलेकट कर लेती है जिसके बाद आप उन कंपनियों के लिए ग्राफिक डिजाइनर का काम कर सकते हैं।

ग्राफिक डिजाइनिंग कोर्स के लिए सर्वश्रेष्ठ संस्थान – Best Institute for Graphic Designing Course

ऐसे उम्मीदवार जो ग्राफिक डिजाइनिंग का कोर्स करना चाहते हैं और यह जानना चाहते हैं कि ग्राफिक डिजाइनिंग का कोर्स करने के लिए इंडिया में बेस्ट इंस्टीट्यूट कौन से हैं, तो नीचे हम आपको कुछ ऐसे इंस्टीट्यूट के नाम दे रहे हैं, जो ग्राफिक डिजाइनिंग का कोर्स करने के लिए बेस्ट इंस्टीट्यूट माने जाते हैं।

  • अमिटी, नोएडा
  • एनआईडी (राष्ट्रीय संस्थान का डिजाइन), अहमदाबाद
  • एमएएसी, दिल्ली
  • एरिना, दिल्ली एनसीआर
  • आईआईटी, बॉम्बे
  • पर्ल अकादमी, दिल्ली
  • एनआईएफटी, दिल्ली
  • एमआईटी इंस्टिट्यूट ऑफ डिज़ाइन, पुणे

निष्कर्ष

आशा करते हैं कि आपको Graphic Designer Details In Hindi की पूरी जानकारी प्राप्त हो चुकी होगी। अगर फिर भी आपके मन में Graphic Designer Kaise Bane (How To Become Graphic Designer In Hindi) और ग्राफिक डिजाइनर कैसे बने? को लेकर कोई सवाल हो तो, आप बेझिझक Comment Section में Comment कर पूछ सकते हैं।

अगर यह जानकारी पसंद आया हो तो, जरूर इसे Share कर दीजिए ताकि Graphic Designer Kya Hota Hai बारे में सबको जानकारी प्राप्त हो।

About Ainain

Graphic Designerमैं इस ब्लॉग का संस्थापक और एक पेशेवर ब्लॉगर हूं। यहाँ पर मैं नियमित रूप से अपने पाठकों के लिए उपयोगी और मददगार जानकारी साझा करता हूं। ❤️

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