काला गोंद क्या होता है? काला गोंद कैसे बनता है? काला गोंद के फायदे, उपयोग और नुकसान की पूरी जानकारी

आज हम जानेंगे काला गोंद की पूरी जानकारी (Kala Gond Siyah in Hindi) के बारे में क्योंकि भारत में अक्सर जब कोई त्यौहार आता है, तो लोग बाजार से मिठाइयां खरीद कर खाते हैं, वहीं कई लोग ऐसे हैं, जो बाजार की हानिकारक मिठाइयों की जगह पर खुद घर पर ही विभिन्न प्रकार की मिठाइयां और लड्डू तैयार करते हैं। घर पर बने हुए लड्डू में विभिन्न प्रकार के काजू, बादाम और पिस्ता डाला जाता है, साथ ही उसके अंदर काला गोंद भी डाला जाता है।

यह लड्डू खाने में बहुत ही स्वादिष्ट तो लगते ही हैं, साथ ही काला गोंद मिला हुआ होने के कारण यह सेहत के लिए भी बहुत ही प्रभावशाली माने जाते हैं। गोंद मुख्य तौर पर हमें पेड़ में से प्राप्त होती है। आज के इस लेख में जानेंगे कि काला गोंद के फायदे, काला गोंद कैसे बनता है, काला गोंद किस पेड़ का होता है, काला गोंद किसे कहते हैं, काला गोंद का उपयोग, आदि की सारी जानकारीयां विस्तार में जानने को मिलेंगी, इसलिये पोस्ट को लास्ट तक जरूर पढे़ं।

काला गोंद क्या होता है? – What is Kala Gond Siyah in Hindi

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काला गोंद के फायदे
Kala Gond Siyah In Hindi

एक ही चीज कभी-कभी कई अलग-अलग रंगों में प्राप्त होती है। बात करें अगर काले गोंद की तो यह हमें पेड़ों में से प्राप्त होती है। अधिकतर काला गोंद बबूल जैसे पेड़ में से प्राप्त होता है। नीम के पेड़ में भी गोंद लगती है, परंतु वह कड़वी होती है, वही जो गोंद बबूल के पेड़ में पाई जाती है, वह स्वादिष्ट होती है और बबूल के पेड़ की गोंद का ही इस्तेमाल विभिन्न प्रकार के कामों के लिए किया जाता है।

काला गोंद आपको बबूल के पेड़ के तने में मिल जाती है या फिर उसकी डालियों में चिपकी हुई मिल जाती है, जिसे आप हाथों से भी कभी-कभी आसानी से उखाड़ सकते हैं या फिर किसी चीज से आप इसे निकाल सकते हैं। काले गोंद का इस्तेमाल ऐसी कई आयुर्वेदिक मेडिसिन है, जिसे बनाने के लिए किया जाता है। इसके अंदर बहुत सारे मेडिसिन गुण होते हैं, जो इंसानी बॉडी को फायदा पहुंचाने का काम करते हैं।

काला गोंद कैसा होता है?

काले गोंद के आकार के बारे में बात करें तो यह किसी निश्चित आकार में नहीं होता है। कभी यह सीधा ही प्राप्त हो जाता है, तो कभी यह टेढा मेढा प्राप्त होता है। इसकी मोटाई 1 सेंटीमीटर जितनी बराबर होती है और जब यह सूख जाता है, तब यह काफी कठोर हो जाता है।

वही नरम रहने पर आप इसे अपने हाथों से भी दबा सकते हैं। जब यह नरम होता है, तो यह चिपचिपा लगता है और सूख जाने पर यह कठोर हो जाता है। कठोर हो जाने पर इसे फोड़ कर के इस्तेमाल में लिया जाता है। इसका रंग काला होता है। इसलिए इसे काला गोंद कहा जाता है।

काला गोंद कैसे बनता है?

बता दें कि बबूल, नीम, पीपल,अर्जुन, सहजन, बेर, यह कुछ ऐसे पेड़ है, जिसके तने में कभी-कभी ऑटोमेटिक ही काला गोंद बन करके तैयार हो जाता है। अगर कोई व्यक्ति इन्हीं पेड़ों की सहायता से काला गोंद प्राप्त करना चाहता है, तो उसे सबसे पहले कोई धारदार हथियार लेना होगा। यह हथियार धारदार चाकू भी हो सकती है अथवा धारदार कुल्हाड़ी या तलवार हो सकती है। इसके बाद व्यक्ति को ऊपर बताए गए पेड़ों के नाम में से किसी भी पेड़ के तने पर घाव करना होगा।

घाव करने पर वहां से एक स्त्राव पैदा होता है, जो जब निकलता है तब वह थोड़ा सा चिपचिपा होता है और धीरे-धीरे धूप के संपर्क में आने के बाद वह मोटा हो जाता है और भूरा या फिर काला रंग पकड़ लेता है। इसे ही काला गोंद कहा जाता है। इस प्रकार अब आप यह समझ गए होंगे कि काला गोंद कैसे बनता है। बता दें कि नीम के पेड़ से जो गोंद प्राप्त होता है, वह खाने में कड़वा होता है। इसके अलावा बबूल के पेड़ और सहजन तथा पीपल के पेड़ का गोंद खाने में मीठा लगता है।

काला गोंद के फायदे – Benefits of Kala Gond

नीचे आपको काला गोंद खाने से कौन-कौन से फायदे इंसानी बॉडी को मिलते हैं, इसकी जानकारी दी गई है।

1. वजन घटाए काला गोंद

कुछ लड़कियों ने लगातार 1 महीने तक काले गोंद को खाया था और उन्होंने 1 महीने तक इसे खाने के बाद यह कहा कि इसे खाने से उनकी बॉडी में फैट की कमी उन्होंने महसूस की। इस प्रकार यह माना जा सकता है कि काला गोंद खाने की वजह से बॉडी का मोटापा घटाया जा सकता है। इसके अंदर डाइटरी फाइबर की अच्छी मात्रा उपलब्ध होती है, जो मोटापे को कम करने में सहायक साबित हो सकती है।

2. कैंसर से बचाए काला गोंद

कैंसर का नाम सुनते ही अच्छे अच्छे लोगों की हवा टाइट हो जाती है, क्योंकि इन लोगों को लगता है कि यह एक ऐसी बीमारी है, जो आदमी को तड़पा तड़पा कर मारती है। हालांकि यह सही बात है परंतु इस बीमारी से बचे रहने में ही भलाई है। काले गोंद के अंदर आपको एंटीकार्सिनोजेनिक नाम का तत्व मिल जाता है, जो उन कोशिकाओं पर हमला करने का काम करता है जो कैंसर को पैदा करने के लिए कारण भूत मानी जाती हैं।

3. डायबिटीज में फायदेमंद है काला गोंद

डायबिटीज की समस्या में आदमी की बॉडी में चीनी की मात्रा ज्यादा बढ़ जाती है और अगर उसकी बॉडी में इसकी मात्रा लगातार ज्यादा बनी रहती है, तो यह उसकी जान भी ले सकती है। इसकी मात्रा को कम करने के लिए काले गोंद को खाना चाहिए, क्योंकि यह चीनी की मात्रा को बॉडी में बढ़ने नहीं देता है, साथ ही यह घटिया कोलेस्ट्रोल एलडीएल को भी घटाने का काम करता है।

4. डायरिया के लिए काला गोंद

डायरिया को ठीक करने के लिए आपको सबसे पहले काले गोंद का पाउडर लेना चाहिए और उसके बाद आपको 1 गिलास पानी गर्म करना चाहिए और उसके अंदर ओआरएस भी डालना चाहिए और काले गोंद के पाउडर भी डालना चाहिए और इसे पी जाना चाहिए। यह डायरिया को खत्म करने में सहायक साबित होगा।

5. पेट की परेशानियों को दूर करें काला गोंद

काले गोंद में फाइबर भी पाया जाता है और कुछ ऐसे तत्व पाए जाते हैं, जो पेट से रिलेटेड परेशानी जैसे कि गैस और एसिडिटी को खत्म करने का काम करते हैं। इसके लिए आपको दही में मिलाकर के काले गोंद के पाउडर का सेवन करना चाहिए। यह पेट दर्द को छूमंतर करता है।

6. टेंशन दूर करें काला गोंद

इसके अंदर आपको एंटी ऑक्सीडेंट मिल जाते हैं, जो टेंशन को खत्म करने का काम करते हैं।जब कभी भी आप को टेंशन हो तब आपको काले गोंद के पाउडर को हल्दी वाले दूध के साथ मिला करके पी जाना चाहिए। यह आपकी थकान को दूर करते हैं, जिससे टेंशन में कमी आती है और आपको अच्छी नींद भी आती है।

7. दांतो के लिए फायदेमंद है काला गोंद

काले गोंद के अंदर दांतो के अंदर मौजूद बैक्टीरिया का खात्मा करने वाले गुण पाए जाते हैं, जो दांतों में कीड़ा लगने से रोकते हैं और मसूड़ों की सूजन को भी यह घटाने का काम करते हैं। इसके लिए आपको काले गोंद के पाउडर का कुल्ला करना चाहिए।

8. काला गोंद एग्जिमा के लिए

इसमें पाया जाने वाले एंटी इन्फ्लेमेटरी गुणएग्जिमा को भी खत्म करने का काम करता है। आप काले गोंद का इस्तेमाल एग्जिमा की ट्रीटमेंट करने के लिए कर सकते हैं। इसके अंदर कुछ ऐसे गुण होते हैं, जो इंफेक्शन से आपकी बॉडी को बचाने का काम करते हैं।

9. घाव ठीक करे काला गोंद

अगर आपकी बॉडी में कोई छोटा मोटा कट का निशान आ गया है, तो उसे ठीक करने के लिए आपको काले गोंद के पाउडर का पेस्ट बनाकर के कट वाली जगह पर लगाना चाहिए। इसके अंदर मौजूद एंटीसेप्टिक गुण छोटे-मोटे कट के निशान को सही करने का काम करते हैं।

10. चेहरे के लिए काला गोंद

कुछ महिलाओं ने इस बात को स्वीकार किया है कि चेहरे पर कसावट लाने के लिए काले गोंद का इस्तेमाल किया जा सकता है। यह चेहरे के रोम छिद्रो को खोलता है और चेहरे को टाइट करने का काम करता है। इसके अलावा यह चेहरे की अन्य छोटी-मोटी प्रॉब्लम को भी खत्म करता है।

काला गोंद का उपयोग – Uses of Kala Gond

  • काले गोंद को आप फ्राई करके खा सकते हैं।
  • दही के साथ आप काले गोंद के पाउडर का सेवन कर सकते हैं।
  • लड्डू में इसे आप डाल सकते हैं।
  • सूप के अंदर भी इसका इस्तेमाल डालने के लिए किया जा सकता है
  • गाढा जूस तैयार करने के लिए इसे आप यूज में ले सकते हैं।
  • पानी में मिलाकर के इस्तेमाल कर सकते हैं।

काला गोंद का नुकसान – Side Effects of Kala Gond

काला गोंद खाने पर आपको कौन-कौन से नुकसान का सामना करना पड़ सकता है, इसकी इंफॉर्मेशन नीचे मेंशन की गई है।

1. मुंह में चिपचिपाहट

जैसा कि आप जानते हैं कि काला गोंद नरम होने पर काफी चिपचिपा हो जाता है। इसीलिए अगर आप इसे खाते हैं तो यह आपके मुंह में चिपचिपाहट पैदा कर सकता है।

2. जी मिचलाना

कुछ लोगों में यह बात भी देखी गई है कि जब उन्होंने काला गोंद खाया, तो उन्हें बिल्कुल अजीब प्रकार सा महसूस हुआ, जिससे उनका जी मचल गया।

3. दस्त होना

इसके अंदर ठीक-ठाक मात्रा में फाइबर उपलब्ध होता है। इसीलिए ज्यादा खा लेने पर आपको दस्त की प्रॉब्लम हो सकती है।

काला गोंद से संबंधित अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

काला गोंद से क्या बना सकते हैं?

पंजीरी, लड्डू

काला गोंद कौन से पेड़ पर पाया जाता है?

बबूल तथा कुछ अन्य पेड़ों पर

नीम के पेड़ पर पाया जाने वाला गोंद कैसा होता है?

कड़वा

क्या नीम के पेड़ पर पाए जाने वाले गोंद का इस्तेमाल भी औषधि के तौर पर किया जाता है?

जी हां

काला गोंद का पाउडर कैसे बनता है?

इसे पीसकर

काले गोंद की तासीर कैसी होती है?

ठंडी

गोंद के लड्डू खाने से क्या होता है?

ताकत आती है।

गोंद का रेट क्या है?

हर राज्य में इसका रेट अलग है।

निष्कर्ष

आशा है आपको काला गोंद कैसे बनता है के बारे में पूरी जानकारी मिल गई होगी। अगर अभी भी आपके मन में Kala Gond Kya Hota Hai (Kala Gond Siyah in Hindi) और काला गोंद क्या होता है को लेकर आपका कोई सवाल है तो आप बेझिझक कमेंट सेक्शन में कमेंट करके पूछ सकते हैं। अगर आपको यह जानकारी अच्छी लगी हो तो इसे शेयर जरूर करें ताकि सभी को Kala Gond Ke Fayde में जानकारी मिल सके।

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11 thoughts on “काला गोंद क्या होता है? काला गोंद कैसे बनता है? काला गोंद के फायदे, उपयोग और नुकसान की पूरी जानकारी”

  1. मैंने कल गोंद खाया एक चावल के दाने जितना पैर मैं थोड़ा ठीक लगा एक या दो दिन ही खाया पर मुझे मेरे पूरे शरीर मैं खुजली होने लगी जो आज छे माह हो गए ठीक नहीं हुई .

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  2. काला गोंद खाने से कया हड्डीयां मजबूत होती है व घुटनों का दर्द भी ठीक होता है

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  3. काला गोंद का कच्चा पावडर खाना या पहले फ्राई करके पावडर बनाकर फिर खायें

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  4. हकीम सुलेमान गोंद स्याह का उपयोग बताते है इसका उपयोग हडडीयो के पेन मे लाभ दायक है यह गोंद किस पेड से मिलता है

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