गांव और शहर में क्या अंतर है – Difference between a Village and a City in Hindi

आज हम जानेंगे गांव और शहर के बीच अंतर (Difference between a Village and a City in Hindi), के बारे में पूरी जानकारी। गांव का जीवन काफी अच्छा होता है, क्योंकि गांव में हमारे जान पहचान के लोग काफी ज्यादा होते हैं। परंतु एक ऐसा समय भी आता है, जब हमें गांव को छोड़ना पड़ता है। वह समय आता है, पैसे कमाने का समय क्योंकि गांव में भले ही वातावरण अच्छा हो, परंतु गांव में इनकम के सीमित साधन है, साथ ही गांव में अधिक नौकरी भी नहीं है।

इसलिए लोग अपने भविष्य के लिए शहरों की ओर पलायन करते हैं। वहां पर जाकर के कोई छोटी-मोटी नौकरी करते हैं या फिर अपना खुद का कोई बिजनेस चालू करते हैं। वैसे तो गांव और शहर के अपने-अपने फायदे हैं, परंतु इनमें कुछ अंतर भी है। इसलिए इस आर्टिकल के द्वारा हमने गांव और शहर में अंतर क्या है, इस बात को क्लियर करने का प्रयास किया है। गांव और शहर से जुड़ी सारी जानकारी के बारे में विस्तार से जानने के लिए, इस लेख को अंत तक पढ़े।

गांव क्या है? – What is Village in Hindi?

गांव और शहर के बीच अंतर
गांव और शहर के बीच अंतर

विलेज को हिंदी भाषा में गांव कहा जाता है। गांवों को हमारे भारत का दिल कहा जाता है, क्योंकि हमारे भारत देश में आधी से अधिक आबादी अभी भी गांव में ही निवास करती है। गांव में अधिकतर लोगों की आजीविका खेती और पशुपालन से चलती है। गांव में किसान ज्यादा रहते हैं जो पूरे भारत देश के लिए अनाज पैदा करने का काम करते हैं।‌ इसलिए गांव के किसानों को अन्नदाता भी कहा जाता है। हमारे भारत देश में अगर गांव की संख्या के बारे में बात करें तो पूरे भारत में 6,28,000 गांव मौजूद है।

सबसे ज्यादा गांव उत्तर प्रदेश राज्य में हैं, क्योंकि उत्तर प्रदेश राज्य में ग्रामीण इलाका काफी ज्यादा है। यहां की जनसंख्या 25 करोड़ के आसपास है, जिसमें से 20 करोड़ लोग उत्तर प्रदेश में निवास करते हैं और बाकी 5 करोड़ लोग अन्य राज्यों में तथा विदेशों में धंधे, एजुकेशन के उद्देश्य से रहते हैं। उत्तर प्रदेश में गांव की संख्या 1,07,000 के आसपास है, वही सबसे कम गांव की संख्या के मामले में गोवा राज्य का नंबर आता है, जहां पर सिर्फ 411 गांव मौजूद है।

हमारे इंडिया में सबसे बड़ा गांव उत्तर प्रदेश राज्य में गाजीपुर जिले में मौजूद है, जिसका नाम गहमर है और सबसे छोटा गांव अरुणाचल प्रदेश में मौजूद है। गवर्नमेंट के द्वारा ऐसे क्षेत्र को गांव की मान्यता दी जाती है। जहां पर 5000 से कम लोग रहते हैं और वहां का घनत्व 300 व्यक्ति प्रति वर्ग किलोमीटर से कम होता है। भारतीय सरकार के द्वारा गांव के सर्वांगीण विकास के लिए गांव में ग्राम-प्रधान को नियुक्त किया जाता है। जिनका कार्यकाल 5 साल का होता है और उसके बाद फिर से चुनाव होते हैं।

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इस चुनाव में गांव की जनता वोटिंग करती है और जिस उम्मीदवारों को सबसे ज्यादा वोट प्राप्त होते हैं, उसे ही गांव का नया प्रधान घोषित किया जाता है। गांव के प्रधान पद के लिए हर साल अलग-अलग समुदाय के लोगों को मौका दिया जाता है। जैसे किसी बार अगर गांव की प्रधानी के लिए सामान्य सीट आई है, तो अगली बार एसी-एसटी सीट और उसके अगली बार ओबीसी सीट आएगी। इस प्रकार हर समुदाय के लोगों को ग्राम प्रधान बनने का मौका सरकार की तरफ से मिलता है।

शहर क्या है? -What is a City in Hindi?

हिंदी भाषा में सिटी का मतलब शहर होता है, जो कि एक अत्यधिक विकसित इलाका होता है। शहर अधिकतर भारत के विकसित राज्यों में पाए जाते हैं, जैसे कि गुजरात, मुंबई, दिल्ली, आंध्र प्रदेश, कोलकाता इत्यादि। शहर के अंदर तमाम सुख-सुविधाएं लोगों के लिए उपलब्ध होती है, साथ ही शहरों में रोजगार के कई विकल्प होते हैं। इसलिए भारत के ग्रामीण इलाके से लोग रोजगार प्राप्त करने के लिए शहरों की ओर पलायन करते हैं। इसके अलावा विद्यार्थी वर्ग, अच्छी पढ़ाई करने के लिए शहरों में विश्वविद्यालय में एडमिशन लेते हैं।

हरों में डेवलपमेंट बहुत-ही ज्यादा होता है। शहर के विकास को देखने के लिए नगर पालिका का गठन किया जाता है, जो शहर में साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखती है और शहर में विकास कार्यों की भी देखरेख करती है।‌ इसके अलावा शहर में अलग-अलग वार्ड भी होते हैं, जिनके अलग-अलग सभासद होते हैं, जो अपने-अपने इलाके की समस्याओं के बारे में मुख्यमंत्री या फिर शहर के मे‌यर को अवगत कराने का काम करते हैं। शहर के अंदर बड़े-बड़े हॉस्पिटल, गवर्नमेंट और प्राइवेट स्कूल होते हैं। कसरत करने के लिए जिम होते हैं।‌

इसके अलावा घूमने के लिए पार्क, गार्डन भी होते हैं। शहरों के अंदर आपको हर जगह अधिकतर पक्की सड़कें मिल जाएंगी। भारत के कुछ प्रसिद्ध शहरों के नाम कोलकाता,चंडीगढ़, पटना, लखनऊ, मुंबई, बेंगलुरु, चेन्नई, अहमदाबाद, देहरादून, कटक, वडोदरा, सूरत, राजकोट, गुड़गांव, हैदराबाद, इंदौर, लुधियाना है। आपकी जानकारी के लिए बता दें, कि पहली बार फ्रांस देश में सिटी शब्द का इस्तेमाल किया गया था। इसलिए इस शब्द को फ्रांसीसी भाषा का एक शब्द माना जाता है। सिटी में रहने पर हमें विभिन्न प्रकार के फायदे प्राप्त होते हैं।

सिटी में रहने पर हमारी लाइफ स्टाइल अच्छी होती है। हमें टाइम की कीमत पता चलती है। हमें अच्छी एजुकेशन प्राप्त होती है। बिजनेस करने के नए मौके प्राप्त होते हैं। हमें नौकरी मिलने के अधिक मौके प्राप्त होते है। हमें सिक्योरिटी मिलती है। अपने फ्यूचर को ब्राइट करने का मौका भी मिलता है। हालांकि इसके अलावा सिटी में रहने के कुछ नुकसान भी है। जैसे कि सिटी में रहने पर हमारी उम्र कम होती है। हमें अत्यधिक प्रदूषण का सामना करना पड़ता है। हमारे जान-पहचान के लोग कम होते हैं। इसके अलावा सिटी में लोगों को एक-दूसरे से जलन भी होती है।

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गांव और शहर में अंतर – Difference between a Village and a City in Hindi

Gaon Aur Shaher 2 1

गांव और शहर के बीच मे 11 अंतर नीचे दिए गए हैं।

  1. गांव की सड़कें अधिकतर कच्ची होती है और शहरों में अधिकतर पक्की होती है।
  2. गांव में गली ज्यादा होती है और शहर में सड़के ज्यादा होती हैं।
  3. गांव में दुकानों की मात्रा काफी कम होती है, जबकि शहर में बड़ी-बड़ी दुकानें और शॉपिंग मॉल होते हैं।
  4. गांव में लोगों के पास गाड़ियां कम है, शहरों में हर घर में गाड़ी मिल जाती है।
  5. गांव में मुश्किल से ही आपको सिनेमाघर देखने को मिलता है, परंतु शहर में यह आसानी से उपलब्ध होते हैं।
  6. गांव में स्कूल भी कम होते हैं, शहरों में गवर्नमेंट और प्राइवेट स्कूल की भरमार है।
  7. गांव में वातावरण काफी शुद्ध होता है, वही शहर में वातावरण प्रदूषित होता है।
  8. गांव के लोग भोले-भाले होते हैं, वहीं शहर के लोग चंट चालाक होते हैं।
  9. गांव के लोगों में ज्यादा फैशन नहीं देखा जाता है, वहीं शहर के लोग फैशनेबल होते हैं।
  10. गांव में हमारे जान पहचान के लोग अधिक होते हैं। शहरों में हमारे जान पहचान के लोग कम होते हैं।
  11. गांव के लोगों के अंदर मानवता अभी भी है। शहरों के लोगों के अंदर मानवता काफी कम है।

निष्कर्ष

आशा है आपको गांव और शहर के बीच अंतर के बारे में पूरी जानकारी मिल गई होगी। अगर अभी भी आपके मन में गांव और शहर के बीच अंतर (Difference between a Village and a City in Hindi) को लेकर आपका कोई सवाल है तो आप बेझिझक कमेंट सेक्शन में कमेंट करके पूछ सकते हैं। अगर आपको यह जानकारी अच्छी लगी हो, तो इसे शेयर जरूर करें ताकि सभी को गांव और शहर के बारे में जानकारी मिल सके।

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